लैला- भविष्य का काला सच दिखाती वेबसीरीज

लैला- भविष्य का काला सच दिखाती वेबसीरीज

  • 9
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

कल नेटफ्लिक्स पर Leila (लैला पढ़िए या लीला कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता) देखी, और उसने मुझे अंदर से झकझोर कर रख दिया। Leila प्रयाग अकबर की उपान्यास का एडाप्टेशन है जिसे दीपा मेहता, शंकर रमन और पवन कुमार ने बेहतरीन तरीके से फिल्माया है।
ये वेबसीरीज 2047 के परिदृश्य को दिखाती है कि तब तक कितना कुछ बदल चुका होगा, पीने के पानी के लिए जंग हो रहा होगा, आसमानी बारिश जमीन तक पहुंचते-पहुंचते रसायनों से मिलकर कितनी काली हो जाएगी, समाज में तानाशाही होगी, लोकतंत्र का नामोनिशान मिट चुका होगा, इंटरकास्ट मैरिज करने वालों को शुद्धिकरण परीक्षा से गुजरना होगा, और इंटरकास्ट मैरिज से जन्म लेने वाले बच्चों की या तो बली चढ़ाई जा रही होगी या उनसे बाल मजदूरी कराई जा रही होगी।
ये वेबसीरीज एक कल्पना है कि कैसे उस समय सत्ता के शिर्ष पर बैठे लोगों के खिलाफ बोलने का मतलब देशद्रोह हो जाएगा। इस वेबसीरीज में आप देख पाएंगे कि भीड़(Mob Lynching वाली भीड़) बनने की प्रक्रिया क्या होती है और इसे देखने के बाद आप उसी समाज के इर्द गिर्द खुद को खड़ा पाएंगे। ये सीरीज बताती है कि माइंडवाश किस चिड़िया का नाम है और कैसे बचपन में ही दिमाग में भर दिया जाता है कि जो है आपका देश है और शीर्ष पर बैठे हुए लोगों द्वारा लिया गया फैसला गलत नहीं हो सकता।
हुमा कुरैशी और सिद्धार्थ की एक्टिंग लाजवाब है, राहुल खन्ना और आरिफ ज़कारिया स्क्रीन पर कम दिखते हैं लेकिन मज़बूत किरदार में दिखते हैं। जोशी जी के रूप में संजय सूरी ज्यादातर मूर्तियों में ही दिखते हैं।
कुल मिलाकर अगर कहा जाए तो आपको अपने-अपने राजनैतिक और जातिगत कोटरों से बाहर निकल कर इस सीरीज को देखना चाहिये। नेटफ्लिक्स का सब्सक्रिप्शन महंगा ज़रूर है लेकिन इसका बेसिक पैक आपकी मूवी टिकट और वहां आके द्वारा खरीदे जाने वाले पॉपकॉर्न से सस्ता है। देख लीजिए।
-Afzaal Ashraf Kamaal

Leave a Reply

Close Menu